
ब्यूरो रिपोर्ट देवेंद्र कुशवाहा
अवगत कराना है कि आप द्वारा अनुसूचित, पिछड़ा, अल्पसंख्यक वंचित शोषित व गरीब विरोधी मानसिकता वाली भारतीय जनता पार्टी से गठबंधन करना अम्बेडकर वादी/मा० कांशीराम वादी विचार धारा के लोगों को गहरी चोट पहुंची है, समाज में जबरदस्त विरोध है, चूंकि राजनीति मेरे जीविकोपार्जन का माध्यम नहीं है। राजनीति मेरे लिए सेवा, स्वाभिमान तथा समाज का उत्थान है, जबकि भाजपा सदैव मनुवादी विचार धारा वाली पार्टी रही है। गठबंधन कर सुभासपा अपने मूल सिद्धांतों से भटक गयी है। जिससे मैं और मेरा समाज (अनुसूचित, पिछड़ा, अल्पसंख्यक वंचित शोषित व गरीब) आहत है।
मैंने पार्टी हित में निःस्वार्थ भाव से कार्य किया जबकि पार्टी के अन्दर कुछ चाटुकार प्रवृत्ति के लोग पार्टी को गलत सूचना देकर लगातार हाईकमान को गुमराह करते रहे हैं, पार्टी मुखिया उन्हीं धुर्तों पर विश्वास कर कार्यकर्ताओं की भावनाओं को आहत करते हैं, जो पार्टी गरीबों, मजलूमों की आवाज हुआ करती थी, आज चंद मनुवादी मानसिकता के लागों से घिरी है। इस अस्वाभाविक उत्पन्न स्थिति की वजह से पार्टी में रहकर कार्य करना बड़ा कठिन है, जहाँ पार्टी के मूल वोटरों कार्यकर्ताओं की उपेक्षा हो रही हो वही पार्टी अति पिछड़ा, अतिदलित के नेताओं को पद तो देती है, लेकिन सम्मान के नाम पर लगातार उपेक्षा कर रही है। मैं पार्टी की गलत नीतियों से क्षुब्ध होकर प्राथमिक सदस्यता एवं सभी पदों से इस्तीफा देता हूँ।

