हिंदू धर्म में धनतेरस का त्योहार धन, आरोग्यता, सुख और समृद्धि का प्रतीक है। धनतेरस का पर्व हर वर्ष कार्तिक महीने की त्रयोदशी तिथि को मनाया जाता है। धनतेरस से पांच दिनों तक चलने वाला दीपावली का उत्सव शुरू हो जाता है। धनतेरस के पर्व को धन त्रयोदशी और धन्वंतरि जयंती के नाम से भी जाना जाता है।
आजमगढ़ जिले में धनतेरस पर्व पर बाजारों में काफी भीड़भाड़ देखने को मिली दुकानों में हर चीज के खरीदार मौजूद रहे उसी क्रम में सर्राफा एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक कुमार ने बताया की महंगाई मायने नहीं रखती है, हिंदू के लिए पर मायने रखता है तो उसका त्यौहार। आज जिस प्रकार से बाजारों में ग्राहक दिख रहे हैं तो निश्चित कहीं न कहीं पर्व को लेकर हिंदुओं में काफी उत्साह है अशोक कुमार सर्राफ ने बताया कि आज की खरीदारी में ज्वेलरी चांदी के बर्तन से लेकर स्टील के बर्तन की खूब बिक्री हुई है साथ ही उन्होंने लोगों को धनतेरस की हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि आज की खरीदारी काफी शुभ मानी जाती है। वहीं रामेश्वर प्रसाद सर्राफ व तारा कुंज सर्राफ ने कहा कि मेरी सोने की ज्वेलरी की दुकान है जिसमें आज धनतेरस के त्यौहार की वजह से खरीदारी करने वाले लोगों का सुबह से ही तांता लगा हुआ है आज की खरीदारी धन्वंतरि की याद में लोग खरीदते हैं और इसे काफी शुभ माना जाता है धनतेरस को लेकर दुकानदारों बड़े व्यापारियों व ग्राहकों सभी के चेहरे पर त्योहार की खुशी साफ झलक रही है व्यापारियों ने कहा कि इस साल का त्योहार हर साल के अपेक्षा काफी बेहतर साबित हुआ है तो वहीं व्यापारियों ने भी त्योहार को देखते हुए कमर कस लिया था की हर प्रकार की स्टॉक पहले से ही इकट्ठा कर लिया था जिससे ग्राहक बिना सामान लिए वापस न जाए बाजारों में उमड़ती भीड़ देख हर प्रकार की दुकानदारों के चेहरे खिल उठे।
