आजमगढ़।
कोतवाली थाना क्षेत्र के मडया जयराम गांव निवासी बुजुर्ग हरिप्रसाद ने अपने बेटे और बहू की प्रताड़ना से तंग आकर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को प्रार्थनापत्र सौंपते हुए न्याय की गुहार लगाई है। हरिप्रसाद ने बताया कि उन्होंने अपने बेटे सुधीर गुप्ता को संपत्ति से अलग कर मुआवजे के रूप में एकमुश्त धनराशि दे दी थी, जिससे उसने अलग होकर निवास करना शुरू कर दिया। बावजूद इसके, वह बार-बार मकान पर कब्जे की नीयत से झगड़ा करता है और कई बार मारपीट की घटनाओं को अंजाम दे चुका है।
पीड़ित के अनुसार, 3 जनवरी 2024 को सुधीर और उसकी पत्नी सरिता गुप्ता ने घर में घुसकर उन्हें और उनकी पुत्रवधू सोनल गुप्ता को बुरी तरह पीटा, जिसकी शिकायत न्यायालय में की गई और संबंधित मुकदमा भी विचाराधीन है।
हरिप्रसाद का आरोप है कि अब बेटे-बहू ने झूठा मुकदमा दर्ज कराकर दबाव बनाना शुरू कर दिया है। 1 मई 2025 को दोनों ने घर खाली करने और केस वापस लेने की धमकी देते हुए जान से मारने की धमकी दी।
उन्होंने बताया कि इस बाबत कोतवाली में कई बार शिकायत दी जा चुकी है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब उन्होंने एसएसपी से हस्तक्षेप की मांग की है और बेटे-बहू के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
