

आजमगढ़ जिले में 219 अस्तित्वहीन मदरसों के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने की प्रक्रिया तेज हो गई है, जिसमें अब तक 79 मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। यह मामले मदरसा पोर्टल पर दर्ज किए गए फर्जी डाटा की जांच के बाद सामने आए हैं। एसआईटी की जांच में पता चला कि कई मदरसे असल में अस्तित्व में ही नहीं थे और कुछ ने पहले से मौजूद इंटर कॉलेजों को मदरसा के रूप में दर्शाया था।
इन मदरसों के प्रबंधकों के खिलाफ कार्रवाई शुरू हो गई है, और जिले के विभिन्न थानों में मुकदमे दर्ज किए गए हैं, जिसमें सबसे अधिक मुकदमे फूलपुर थाने में दर्ज हुए हैं (11 मुकदमे)। इन मदरसों ने फर्जी तरीके से सरकारी अनुदान प्राप्त किया और उसका दुरुपयोग किया।
2022 में शासन द्वारा एसआईटी को इस मामले की जांच सौंपी गई थी, और इसके बाद अब सरकार के निर्देश पर एफआईआर दर्ज की जा रही है। एसपी ग्रामीण, चिराग जैन के अनुसार, अधिक मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं, और यह कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
